RTE Admission 2026: शिक्षा हर बच्चे का अधिकार है और इसी सोच के साथ लागू किए गए निःशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा अधिकार अधिनियम (RTE) के तहत शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए एडमिशन प्रक्रिया की नई समय-सारिणी जारी कर दी गई है। इस योजना के माध्यम से आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग और वंचित परिवारों के बच्चों को निजी, गैर-सहायता प्राप्त स्कूलों में 25% आरक्षित सीटों पर मुफ्त प्रवेश दिया जाता है। यह व्यवस्था उन परिवारों के लिए बड़ी राहत साबित होती है जो निजी स्कूलों की फीस वहन नहीं कर पाते लेकिन अपने बच्चों को बेहतर शिक्षा देना चाहते हैं। राज्य सरकार ने इस बार आवेदन और चयन प्रक्रिया को पहले से ज्यादा पारदर्शी और आसान बनाने के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं।
तीन चरणों में होगी ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
RTE एडमिशन 2026 के लिए आवेदन को तीन अलग-अलग चरणों में आयोजित किया गया है ताकि ज्यादा से ज्यादा अभिभावक आसानी से फॉर्म भर सकें। पहले चरण के लिए आवेदन 2 फरवरी से 16 फरवरी 2026 तक स्वीकार किए जाएंगे। इसके बाद दूसरा चरण 21 फरवरी से 7 मार्च 2026 तक चलेगा और तीसरा चरण 12 मार्च से 25 मार्च 2026 तक रखा गया है। हर चरण में प्राप्त आवेदनों की जांच और सत्यापन जिला स्तर पर किया जाएगा ताकि केवल पात्र बच्चों को ही आगे की प्रक्रिया में शामिल किया जा सके।
पारदर्शी लॉटरी सिस्टम से मिलेगा स्कूल आवंटन
RTE के तहत बच्चों का चयन पूरी तरह लॉटरी प्रणाली से किया जाता है, जिससे सभी पात्र आवेदकों को समान अवसर मिल सके। पहले चरण की लॉटरी 18 फरवरी 2026 को, दूसरे चरण की 9 मार्च 2026 को और अंतिम चरण की लॉटरी 29 मार्च 2026 को आयोजित की जाएगी। लॉटरी में चयनित होने के बाद बच्चों को संबंधित स्कूल में एडमिशन के लिए नामांकन पत्र जारी किया जाएगा। अभिभावकों को सलाह दी गई है कि वे नियमित रूप से आधिकारिक पोर्टल पर अपनी आवेदन स्थिति चेक करते रहें।
स्कूल मैपिंग और निगरानी व्यवस्था
प्रवेश प्रक्रिया से पहले सभी निजी मान्यता प्राप्त स्कूलों में शुरुआती कक्षाओं की कुल सीटों में से कम से कम 25 प्रतिशत सीटें आरक्षित की जाएंगी। इसके लिए स्कूल मैपिंग और रजिस्ट्रेशन अनिवार्य किया गया है। प्रत्येक ब्लॉक स्तर पर नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाएंगे जो आवेदन से लेकर एडमिशन तक की पूरी प्रक्रिया पर नजर रखेंगे। इससे किसी भी तरह की गड़बड़ी या लापरवाही की संभावना कम होगी।
अभिभावकों के लिए हेल्प डेस्क सुविधा
सरकार ने यह भी सुनिश्चित किया है कि तकनीकी जानकारी की कमी के कारण कोई अभिभावक आवेदन से वंचित न रह जाए। इसलिए विभिन्न सरकारी कार्यालयों जैसे जिला कलेक्टर कार्यालय, ब्लॉक कार्यालय, अस्पताल और शिक्षा विभाग के केंद्रों पर हेल्प डेस्क स्थापित की जाएंगी। यहां अभिभावकों को आवेदन भरने, दस्तावेज तैयार करने और अन्य जानकारी प्राप्त करने में सहायता मिलेगी।
जरूरी दस्तावेज और सरल प्रक्रिया
RTE आवेदन के लिए आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो) और दिव्यांग प्रमाण पत्र जैसे दस्तावेज आवश्यक होंगे। प्रशासन ने तहसील और ब्लॉक स्तर पर इन दस्तावेजों को बनवाने की प्रक्रिया को भी आसान बनाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के जरिए ग्रामीण क्षेत्रों में योजना की जानकारी पहुंचाई जाएगी ताकि ज्यादा से ज्यादा पात्र परिवार इसका लाभ उठा सकें।
11 अप्रैल 2026 तक नामांकन पूरा करना होगा
स्कूल शिक्षा विभाग ने निर्देश दिए हैं कि चयनित सभी बच्चों का एडमिशन 11 अप्रैल 2026 तक संबंधित स्कूलों में पूरा कर लिया जाए। यह समय सीमा नए सत्र की समय पर शुरुआत सुनिश्चित करने के लिए तय की गई है। योजना के प्रचार और प्रशासनिक व्यवस्थाओं का खर्च जिला स्तर से वहन किया जाएगा ताकि पूरी प्रक्रिया सुचारू रूप से चल सके।
RTE Admission 2026 ऑनलाइन आवेदन कहां करें?
RTE Admission 2026 के लिए आवेदन केवल आधिकारिक पोर्टल www.rte25.upsdc.gov.in के माध्यम से ही स्वीकार किए जाएंगे। किसी अन्य वेबसाइट या ऑफलाइन माध्यम से किया गया आवेदन मान्य नहीं होगा। इस बार प्रदेश के करीब 68 हजार निजी स्कूलों में लगभग 1.86 लाख सीटों पर बच्चों को प्रवेश मिलने की संभावना है।
आयु सीमा से जुड़ी अहम जानकारी
एडमिशन के लिए आयु सीमा भी तय की गई है। नर्सरी के लिए 3 से 4 वर्ष, LKG के लिए 4 से 5 वर्ष, UKG के लिए 5 से 6 वर्ष और कक्षा 1 के लिए 6 से 7 वर्ष आयु निर्धारित की गई है। आयु की गणना 1 अप्रैल 2026 को आधार मानकर की जाएगी, इसलिए आवेदन करने से पहले बच्चे की उम्र सही तरह से जांच लेना जरूरी है।
RTE एडमिशन 2026-27 आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों के लिए बेहतर शिक्षा पाने का सुनहरा मौका है। सही समय पर आवेदन, जरूरी दस्तावेज और आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करके अभिभावक इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। शिक्षा ही वह आधार है जो बच्चों के भविष्य को मजबूत बनाता है और समाज को आगे बढ़ने की दिशा देता है।

